हमास और इस्राइल बीते छह महीने से जंग लड़ रहे हैं। इस्राइल द्वारा हमास को खत्म करने का संकल्प गाजा पट्टी के लोगों पर भारी पड़ रहा है। गाजा में पैदा हुई मानवीय परिस्थितियों को लेकर दुनिया भर के लोगों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। अमेरिका में लोग बड़ी संख्या में इस्राइल के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। इससे राष्ट्रपति जो बाइडन की मुश्किलें बढ़ गई हैं। वो लगातार गाजा में जंग रुकवाने का प्रयास कर रहे हैं। अमेरिकी विदेश मंंत्री एंटनी ब्लिंकन संघर्ष विराम को जारी रखने के लिए सोमवार को पश्चिम एशिया की यात्रा करने वाले है, लेकिन इस्राइल की राजनीति और हमास की चुप्पी ने यह सवाल खड़े कर दिए कि क्या वह वाकई इस मकसद में सफल हो पाएंगे।
शीर्ष अमेरिकी राजनयिक युद्ध शुरू होने के बाद से लेकर अबतक सात बार क्षेत्र की यात्रा कर चुके हैं। वह एक बार फिर संघर्ष विराम से जुड़े प्रस्ताव पर काम करने के लिए यात्रा करने वाले हैं। वह पहले मिस्र फिर इस्राइल जाएंगे। ब्लिंकन पहले काहिरा में राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सीसी के साथ बंद कमरे में वार्ता करेंगे। उसके बाद यरुशलम में प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ बातचीत करेंगे।राष्ट्रपति जो बाइडन ने 31 मई को युद्ध समाप्त करने के लिए एक प्रस्ताव का एलान किया था, जिसे आगे बढ़ाने के लिए अमेरिकी विदेश मंंत्री ने यात्रा की योजना बनाई। हालांकि, हमास ने प्रस्ताव पर कोई जवाब नहीं दिया है। जबकि बाइडन ने योजना को इस्राइल की योजना बताया है। हालांकि इस बीच अमेरिकी कूटनीतिक प्रयासों पर एक नया संकट खड़ा हो गया है।
Hindustan Times Latest & Breaking News Updates In Hindi